लाजपत नगर कॉलोनी में पिछले पांच दिनों से जलभराव और दूषित पेयजल की समस्या को लेकर बुधवार को वरिष्ठ होम्योपैथिक चिकित्सक डॉ. विकास वर्मा के नेतृत्व में कॉलोनीवासियों और रोहिलखंड उद्योग व्यापार मंडल के पदाधिकारियों ने नगर आयुक्त से मुलाकात की। प्रतिनिधिमंडल ने समाधान की मांग की।
नगर आयुक्त को दिए पत्र में प्रतिनिधिमंडल ने कहा कि समस्या का समाधान दो चरणों में किया जाए। पहले एक-दो दिन के अंदर कॉलोनी में भरे सीवर के पानी को पम्प लगाकर तेजी से निकलवाया जाए। जब तक भूजल स्वच्छ नहीं होता, टैंकरों के माध्यम से स्वच्छ पेयजल की व्यवस्था की जाए। निगम द्वारा कॉलोनी में विशेष सफाई अभियान चलाया जाए। जलभराव वाले क्षेत्रों में क्लोरीन और डिसइंफेक्टेंट पाउडर का छिड़काव कराया जाए। मक्खी-मच्छर जनित बीमारियों से बचाव के लिए तत्काल फॉगिंग कराई जाए। इसके बाद स्थायी समाधान के लिए पूरी कॉलोनी और आसपास के इलाके का एक संयुक्त ऑडिट निरीक्षण कराया जाए, जिसमें स्थानीय आरडब्लूए के पदाधिकारियों को भी शामिल किया जाए। पूरे क्षेत्र में नालियों और सीवर के पानी के निस्तारण की कार्य योजना बनाकर काम किया जाए।

प्रतिनिधिमंडल की सभी बातों को नगर आयुक्त ने गंभीरता पूर्वक सुना। उन्होंने माना कि स्थिति मानवीय संवेदना से जुड़ी है और इस पर तत्काल कार्रवाई जरूरी है। नगर आयुक्त ने तुरंत जल निकासी, पेयजल टैंकर, सफाई और फॉगिंग के आदेश देने और स्थायी समाधान के लिए ऑडिट टीम गठित करने का आश्वासन दिया है। इस दौरान रुहेलखंड उद्योग व्यापार मंडल के अध्यक्ष मनोज कपूर, दिनेश सक्सेना, मंगलेश सक्सेना, डॉ कौशल सहित कई व्यापारी नेता और सीमा मिश्रा, प्रिया मिश्रा वंशिका अग्रवाल, आरती सक्सेना,माधवी खरे,दीपा, साधना, लता त्रिपाठी, आशा टंडन, पायल जैन, राधा अग्रवाल, शाम्या गुप्ता आदि कॉलोनीवासी मौजूद रहे।
